Tag Archive: मनुस्मृति

Aug 05

अहिंसा क्या है ?

“अहिंसा परमो धर्मः”1 अंतर्ध्यान – अंहिंसा क्या है ? अहिंसा का एक साधारण अर्थ जो हमें बताया जाता है – “हिंसा न करना” ही अहिंसा है | हिंसा नहीं करनी चाहिए क्योंकि हिंसा करना पाप है जबकि अहिंसा परम धर्म है | क्या सही में अहिंसा का वही अर्थ है जो हमें बताया जा रहा है, …

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Sep 22

अध्याय १

लोकानामन्तकृत्कालः कालोन्यः कल्नात्मकः | स द्विधा स्थूल सुक्ष्मत्वान्मूर्त श्चामूर्त उच्यते || अर्थात – एक प्रकार का काल संसार का नाश करता है और दूसरे प्रकार का कलानात्मक है अर्थात जाना जा सकता है | यह भी दो प्रकार का होता है (१) स्थूल और (२) सूक्ष्म | स्थूल नापा जा सकता है इसलिए मूर्त कहलाता …

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